छत्तीसगढ़ दैनिक वेतनभोगी वन कर्मचारी संघ शाखा वन विकास निगम का बैठक संपन्न ,नियमतिकरण स्थायीकरण को लेकर हुआ मंथन
रायपुर / छत्तीसगढ़ में इन दिनों अनियमित, दैनिक वेतनभोगी,दैनिक श्रमिक, संविदा कर्मचारियो में सरकार को लेकर खासा नराजगी देखने को मिल रहा है।
चाहे कोई भी पार्टी हो झुठे आश्वासन देकर झुठे बाते बोलकर सरकार तो बना लेता है किन्तु जैसे ही खुश पर बैठता है सुर बदल जाता है नियत बदल जाता है।
यह दैनिक वेतनभोगी,अनियमित व संविदा कर्मचारी रमन सिंह के कार्यकाल से न्याय की आश में भटक रहे हैं, कभी कांग्रेस की सरकार तो कभी भाजपा की दोनो अपनी रोटी सेंकते रह गये किन्तु किया कुछ भी नहीं।
वन विकास निगम के अध्यक्ष उत्तम पटेल ने बताया कि वन विकास निगम के दैनिक वेतन भोगी एवं सुरक्षा श्रमिक लगातार 48 दिनो तक हड़ताल में रहे, वन मंत्री के द्वारा आश्वासन दिया गया था कि जल्द आकस्मिकता कार्यभारित, तथा स्थायीकरण कर दिया जायेगा,किन्तु आज दुसरा साल बितने जा रहा है दिये गये आश्वासन का अता पता नही है।
वन विकास निगम से दैनिक वेतनभोगी एवं सुरक श्रमिको का तो जानकारी ही नही भेजा गया है और ना ही प्रस्ताव जिसके कारण वन विकास निगम के दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी एवं श्रमिकों में सरकार के कार्य प्रणाली को लेकर खासा नराजगी है।
वन विकास के दैनिक वेतनभोगी ने कमर कस लिया है इस बार लड़ाई आर पार की रहेगी, संगठन के दिशा निर्देशों पर चलकर हर हाल में नियमितीकरण,स्थायीकरण का लाभ लेना ही है। अगर सरकार उचित समय में हमारे भविष्य के सांथ न्याय नही करेगा तो आने वाला समय में हम हमारे परिवार,रिस्तेदार जान पहचान वर्तमान सरकार के पार्टी पर कोई विॆस्वांस ही नही करेगा।

