छत्तीसगढ़ की लोककला मंच पंडवानी सम्राट श्रीमती तिजन बाई की निधन से पुरे भारत में शोक की लहर है देश के लिए अपूरणीय क्षति..
रायपुर / छत्तीसगढ़ की लोककला पंडवानी को देश-विदेश में स्थान दिलाने वाली पद्म विभूषण श्रीमती तीजन बाई के निधन पर उनके गांव गनियारी बिलासपुर से लेकर दिल्ली तक शोक की लहर है! उनके निधन पर राष्ट्रपती द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ-साथ तमाम दिग्गज नेताओं ने उन्हें अपनी विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित की है।

राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने पंडवानी गायिका तीजन बाई के निधन को अत्यंत दुखद बताते हुए कहा कि उन्होंने अपनी सशक्त आवाज, प्रभावशाली उपस्थिति और अनोखी प्रस्तुति से महाभारत की कथाओं को मंच पर जीवंत किया, उन्होंने अपनी विलक्षण प्रतिभा, समर्पण और वर्षों की साधना से उन्होंने छत्तीसगढ़ की समृद्ध पंडवानी परंपरा को देश-विदेश में पहचान दिलाई।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तीजन बाई के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने छत्तीसगढ़ की लोककला पंडवानी को अपनी भव्य प्रस्तुति से दुनियाभर में विशिष्ट पहचान दिलाई, उनका जाना कला एवं संस्कृति जगत के लिए अपूरणीय क्षति है।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी दिग्गज पंडवानी गायिका श्रीमती तिजन बाई के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि यह कला जगत के लिए अपूरणीय क्षति है। अपनी अद्वितीय प्रतिक्षा और समर्पण से उन्होंने पंडवानी लोककला को विशिष्ट पहचान दिलाई, छत्तीसगढ़ की इस लोककला के संवर्धन में उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा।
छत्तीसगढ़ के सांथ सांथ पुरे भारत देख में शोक की लहर है,विदेशों में भी उनकी निधन को लेकर शोक की लहर है।

